बिहार के दरभंगा (Darbhanga) जिले से एक बेहद दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। रविवार (12 अप्रैल 2026) की शाम जब लोग अपने घरों में आराम कर रहे थे, तब एक घर में खाना बनाने की तैयारी चल रही थी। लेकिन किसी को नहीं पता था कि किचन में रखा गैस सिलेंडर मौत का बम बन चुका है।
विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र के सुंदरपुर (Sundarpur) मुहल्ले में गैस लीकेज के कारण हुए एक भयानक सिलेंडर विस्फोट में एक ही परिवार के तीन सदस्यों की दर्दनाक मौत हो गई, जिसमें एक 3 महीने का मासूम बच्चा भी शामिल है। ‘Apni Vani’ की इस विस्तृत रिपोर्ट में आइए जानते हैं कि यह दर्दनाक हादसा कैसे हुआ और घायलों की ताज़ा स्थिति क्या है।
कहाँ और कैसे हुआ यह खौफनाक हादसा?
यह घटना सुंदरपुर इलाके में स्थित ‘तेनु पेड़’ के पास बेचन दास नाम के व्यक्ति के तीन मंजिला मकान में घटी।
रविवार शाम को जब बेचन दास की बहू मिसु कुमारी (22 वर्ष) सबसे ऊपरी मंजिल पर स्थित किचन में खाना पकाने गई, तो वहां पहले से ही गैस लीक हो रही थी। जैसे ही उसने गैस जलाने की कोशिश की, अचानक भयानक आग लग गई। इससे पहले कि परिवार के लोग आग पर काबू पाते या वहां से भाग पाते, एक तेज धमाके के साथ LPG गैस सिलेंडर फट गया। धमाका इतना ज़ोरदार था कि पूरे इलाके में दहशत फैल गई।
3 महीने के मासूम समेत 3 लोगों की मौके पर मौत
आग इतनी तेजी से फैली कि किचन में मौजूद लोगों को भागने का ज़रा भी मौका नहीं मिला। इस खौफनाक हादसे में 24 वर्षीय गोविंद कुमार, उनकी 22 वर्षीय पत्नी मिसु कुमारी और उनके महज 3 महीने के दुधमुंहे बेटे की जिंदा जलने से मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना ने पूरे सुंदरपुर इलाके में मातम और चीख-पुकार का माहौल पैदा कर दिया है।

रेस्क्यू ऑपरेशन: फायर ब्रिगेड का अफसर भी हुआ घायल
धमाके की आवाज़ सुनकर तुरंत पड़ोसी दौड़े और पुलिस व फायर ब्रिगेड को सूचना दी। मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की तीन गाड़ियों को इस विकराल आग पर काबू पाने में लगभग एक घंटे का समय लग गया।
राहत और बचाव कार्य के दौरान आग की लपटों के बीच फंसे लोगों को निकालते समय फायर ब्रिगेड के एक अधिकारी ‘चंद्रकिशोर पासवान’ भी बुरी तरह झुलस गए।
घायलों की स्थिति और पुलिस की जांच
इस हादसे में फायर ऑफिसर के अलावा 4 अन्य लोग भी गंभीर रूप से झुलसे हैं। इनमें घर के मालिक बेचन दास (53), उनका दूसरा बेटा गौतम कुमार (28) और एक पड़ोसी आदित्य ठाकुर (22) शामिल हैं। आदित्य की हालत काफी नाजुक बताई जा रही है।
सभी घायलों को तुरंत एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। विश्वविद्यालय थाना प्रभारी सुधीर कुमार ने बताया कि तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच (DMCH) भेज दिया गया है। वहीं जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी सलीम अख्तर ने मृतकों के परिजनों के लिए जांच और मुआवजे के आदेश दे दिए हैं।
Apni Vani की अपील
यह कोई पहली बार नहीं है जब गैस सिलेंडर फटने से इस तरह किसी परिवार की जान गई हो। ‘Apni Vani’ आप सभी पाठकों से अपील करता है कि अपने किचन में गैस सिलेंडर और पाइप की नियमित जांच करते रहें। अगर कभी गैस की बदबू आए, तो तुरंत खिड़की-दरवाज़े खोल दें और किसी भी प्रकार का स्विच या माचिस बिल्कुल न जलाएं। आपकी एक छोटी सी सावधानी आपके परिवार की जान बचा सकती है।
इस दुख की घड़ी में हम पीड़ित परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दे। ॐ शांति!
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