शनिवार सुबह अमृतसर से सहरसा जा रही गरीब रथ एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 12204) में अचानक आग लग गई। हादसा पंजाब के फतेहगढ़ साहिब जिले के सरहिंद रेलवे स्टेशन के पास हुआ। घटना में एक महिला यात्री झुलस गई, हालांकि गनीमत रही कि कोई बड़ी जनहानि नहीं हुई।
कैसे हुआ हादसा
सुबह करीब 7:30 बजे, जब ट्रेन सरहिंद स्टेशन से अंबाला की ओर कुछ ही दूरी पर थी, तभी यात्रियों ने एक कोच से धुआं उठता देखा। ड्राइवर ने तुरंत ट्रेन रोक दी। कुछ ही मिनटों में आग ने तीन डिब्बों, जिनमें एक एसी कोच (G19) भी शामिल था, को अपनी चपेट में ले लिया। ट्रेन रुकते ही यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई और लोग अपने-अपने सामान लेकर बाहर निकलने लगे।
बचाव कार्य में तेजी
सूचना मिलते ही सरहिंद नगर कौंसिल की दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। रेलवे अधिकारियों और स्थानीय पुलिस ने यात्रियों को सुरक्षित निकालने में मदद की।
रेलवे के अनुसार, सभी यात्री सुरक्षित हैं, केवल एक महिला यात्री झुलस गई है जो अपना सामान निकालते समय घायल हुई। उसे तुरंत सरहिंद के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

शॉर्ट सर्किट बना आग का कारण
प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। रेलवे ने संबंधित डिब्बों को ट्रेन से अलग कर दिया है और सुरक्षा जांच के बाद ट्रेन को आगे सहरसा की ओर रवाना करने की तैयारी की जा रही है।
रेलवे की प्रतिक्रिया
नॉर्दर्न रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि इस हादसे में किसी की जान नहीं गई और स्थिति पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया गया है। रेलवे ने कहा कि “आग लगने की घटना दुर्भाग्यपूर्ण है, लेकिन सभी यात्रियों को सुरक्षित निकाल लिया गया। प्रभावित कोचों की जांच के लिए तकनीकी टीम गठित कर दी गई है।”
यात्रियों में डर और भगदड़
घटना के दौरान ट्रेन में सवार यात्रियों ने बताया कि आग लगते ही कोच में धुआं भर गया और लोगों में घबराहट फैल गई। कई यात्री कोच के दरवाजे खोलकर बाहर कूदने लगे। एक यात्री ने बताया, “हमने तुरंत चेन खींची और ट्रेन रुकने पर सभी बाहर निकल आए। रेलवे और दमकल विभाग ने समय रहते आग बुझा दी, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।”
जांच जारी
रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और जीआरपी ने मौके का मुआयना किया और बयान दर्ज किए। अधिकारियों ने बताया कि ट्रेन की वायरिंग और एसी सिस्टम की जांच के आदेश दिए गए हैं ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों।